गोपेश्वर। एकल विद्यालय की बहिनों ने रक्षाबंधन की पूर्वबेला पर हिमवीरों को रक्षा सूत्र बांधकर राष्ट्र की सुरक्षा का संकल्प लिया।
जोशीमठ के सुनील स्थित आईटीबीपी परिसर में एकल विद्यालय की बहिनों ने हिमवीरों के साथ रक्षाबंधन मनाया। इस दौरान बहिनों ने देश की सीमाओं की रक्षा में तैनात हिमवीरों की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधकर उनके प्रति सम्मान एवं कृतज्ञता व्यक्त की। राष्ट्र की एकता, अखंडता और सुरक्षा के लिए सदैव समर्पित रहने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि रक्षाबंधन केवल भाई-बहन के प्रेम का पर्व ही नहीं अपितु सुरक्षा, विश्वास, त्याग और राष्ट्रभक्ति का प्रतीक है। देशवासी जब अपने परिवारों के साथ त्योहार मनाते हैं उस समय आईटीबीपी के जवान विषम भौगोलिक परिस्थितियों में अपने कर्तव्य का निर्वहन करते हुए सीमाओं की सुरक्षा में डटे रहते हैं। यही कारण है कि उन्हें देश के हिमवीर के रूप में जाना जाता है। वक्ताओं ने कहा कि हिमालय की ऊंची चोटियों, बर्फीले क्षेत्रों और कड़ाके की ठंड में अदम्य साहस के साथ तैनात हिमवीरों का त्याग पूरे देश के लिए प्रेरणास्रोत है। हिमवीरों की सतर्कता और शौर्य के कारण देशवासी अपने घरों में सुरक्षित जीवन जीते हैं। रक्षाबंधन के अवसर पर बहनों द्वारा जवानों को रक्षा सूत्र बांधना समाज और सीमा के प्रहरी के बीच आत्मीयता एवं राष्ट्रभावना का मजबूत संदेश है। कार्यक्रम के दौरान आईटीबीपी परिसर भारत माता, वंदे मातरम और जय हिन्द के नारों से गूंज उठा।
इस अवसर पर एकल अभियान गोपेश्वर अंचल के प्रभारी अतुल शाह, बंड विकास संगठन के अध्यक्ष देवेंद्र सिंह नेगी, आईटीबीपी के इंस्पेक्टर चिरंजीव, मोहन सिंह, वेद प्रकाश, रमेश चंद डिमरी, लक्ष्मण सिंह, रमेश सिंह, इंस्पेक्टर दिलावर एवं एकल अभियान की संभाग महिला प्रमुख दया पांडा, गोपेश्वर अंचल प्रभारी रश्मि नेगी, महिला सचिव नीरजा पंवार, अमीषा, अनूप समेत आईटीबीपी के अधिकारी एवं जवान मौजूद रहे।
एकल विद्यालय की बहिनों ने हिमवीरों को बांधा रक्षा सूत्र
